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बॉलीवुड का सबसे मशहूर चाइल्ड एक्टर, 6 साल की उम्र में मुंबई में खरीद लिया था अपना घर, 10 में मिला नेशनल अवॉर्ड

बाल कलाकार के रूप में अपना करियर शुरू करने वाला ये एक्टर एक समय पर इंडस्ट्री का सबसे महंगा चाइल्ड एक्टर था। अपने करियर में उन्होंने जया बच्चन से लेकर धर्मेंद्र जैसे स्टार्स के साथ काम किया, लेकिन बड़े होते-होते दर्शकों के बीच उनका चार्म भी कम होते गया।फिल्मी दुनिया में आज ऐसे कई सितारे हैं, जिन्होंने बतौर चाइल्ड एक्टर ही अपना करियर शुरू कर दिया था। इन चाइल्ड आर्टिस्ट्स में से जहां कुछ बड़े होकर स्टार बन गए तो कुछ का स्टारडम कम होता चला गया। आज हम आपको एक ऐसे ही चाइल्ड एक्टर के बारे में बताते हैं, जिसने बाल कलाकार के तौर पर जया बच्चन, धर्मेंद्र जैसे कलाकारों के साथ काम किया और खूब सफलता हासिल की, लेकिन बड़े होने पर वो मुकाम हासिल नहीं कर सके, जिसकी उनसे उम्मीद थी। हम बात कर रहे हैं चाइल्ड एक्टर मास्टर राजू की, जो 6 साल की उम्र में ही मुंबई के एक पॉश इलाके में शानदार घर के मालिक बन गए थे और 10 की उम्र में इन्हें नेशनल अवॉर्ड मिला था। लेकिन, अब उनके पास वो लोकप्रियता नहीं हैकभी अमिताभ बच्चन से ज्यादा था काम
मास्टर राजू का असली नाम फहीम अजानी है। एक समय पर मास्टर राजू हिंदी सिनेमा के सबसे चहीते बाल कलाकार थे और उनके पास अमिताभ बच्चन से भी ज्यादा काम हुआ करता था। मेकर्स उन्हें अपनी फिल्मों में लेने का इंतजार करते थे। मास्टर राजू, मुंबई के डोंगरी में रहते थे और एक नॉन फिल्मी बैकग्राउंड से आते थे। उन्होंने सबसे पहले गुलजार की ‘परिचय’ के लिए ऑडिशन दिया था और इस फिल्म के लिए चुन भी लिए गए। इस फिल्म में संजीव कुमार लीड रोल में थे।

कैसे पड़ा मास्टर राजू नाम?
मास्टर राजू ने अपने करियर में अमिताभ बच्चन, राजेश खन्ना, धर्मेंद्र, जीतेंद्र और अनिल कपूर जैसे स्टार्स के साथ काम किया। जब मास्टर राजू, संजीव कुमार के साथ परिचय में काम कर रहे थे, अभिनेता उन्हें पायर से मास्टर राजू कहते थे, जिसके बाद उनका नाम मास्टर राजू ही पड़ गया। कुछ लोग उन्हें सेट पर लड्डू कहकर भी बुलाते थे, लेकिन संजीव कुमार का कहना था कि मास्टर राजू नाम ज्यादा अच्छा है तो धीरे-धीरे सभी उन्हें मास्टर राजू कहकर ही बुलाने लगे और वह इसी नाम से मशहूर हो गए।

एक दिन में करते थे तीन फिल्मों की शूटिंग
मास्टर राजू ने एक इंटरव्यू के दौरान बताया था कि कैसे वह एक समय पर तीन-तीन फिल्मों की शूटिंग करते थे, जिसके चलते उनका शूटिंग शेड्यूल बहुत टाइट रहता था। ये वो समय था, जब उनके पास किसी बड़े स्टार से भी ज्यादा काम हुआ करता था और वह तीन अलग-अलग शिफ्ट में काम करते थे। देखते ही देखते मास्टर राजू की फीस उन दिनों 10 हजार से 1 लाख तक पहुंच गई। 1977 में मास्टर राजू अपने करियर के पीक पर थे उन्हें 1 लाख से ज्यादा फीस मिलने लगी थी।

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