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कहीं आप भी तो नहीं खा रहे जहरीले मोमो? ज्यादा मात्रा में मिलाया जा रहा अजीनोमोटो, अवैध प्लांट कराया गया बंद

मध्य प्रदेश के इंदौर में मोमो में ज्यादा मात्रा में अजीनोमोटो मिलाया जा रहा है। जांच में बात सही पाए जाने पर एक अवैध मोमो के प्लांट को बंद भी करवाया गया है।इंदौर: मोमो खाना भारत में एक आम बात है। बड़ी संख्या में देशवासी मोमो खाते हैं और इसका मार्केट बहुत बड़ा है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि मोमो खाना आपके घर में मौजूद गर्भवती महिला और 12 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए नुकसानदेह हो सकता है और इसके पीछे की वजह है मोमो में होने वाली अवैध मिलावटखोरी। दरअसल तमाम जगहों पर मोमो में तय मात्रा से ज्यादा अजीनोमोटो मिलाया जा रहा है।

क्या है पूरा मामला?
ताजा मामला मध्य प्रदेश के इंदौर से सामने आया है। यहां मिलावट के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है, जिसके तहत मंगलवार को मोमो के एक अवैध प्लांट को बंद कराया गया है। अधिकारियों ने बताया है कि इस प्लांट में जो मोमो तैयार किए जा रहे थे, उनमें तय सीमा से ज्यादा अजीनोमोटो होने के खुलासे के बाद कार्रवाई की गई।

दरअसल इंदौर के खातीपुरा क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अलग-अलग तरह के मोमो एक प्लांट में बनाए जा रहे थे। यहां से कई जगहों पर मोमो की आपूर्ति की जा रही थी। लेकिन जब यहां चेकिंग हुई तो पता लगा कि यहां स्वीकृत मात्रा से ज्यादा अजीनोमोटो मिलाया जा रहा है।

अजीनोमोटो क्या होता है?
अजीनोमोटो को ‘मोनोसोडियम ग्लूटामेट (एमएसजी)’ भी कहते हैं, जो किसी भी खाने की चीज का स्वाद बढ़ा देता है। अगर चाइनीज आइटम्स समेत तमाम व्यंजनों में इसे नहीं डाला जाए तो कई लोगों को तो खाने में स्वाद भी नहीं लगेगा। ऐसे में खाने की चीजों में अजीनोमोटो डालने की एक सीमा तय की गई है लेकिन तमाम लोग नियम का उल्लंघन करते हैं और तय सीमा से ज्यादा अजीनोमोटो डालते हैं।

अधिकारियों का कहना है कि अजीनोमोटो का तय मात्रा से ज्यादा इस्तेमाल करने से कुछ लोगों की सेहत पर बुरा असर पड़ सकता है। इनमें गर्भवती महिलाएं और 12 वर्ष से कम आयु के बच्चे शामिल हैं।

जिस प्लांट पर कार्रवाई हुई, वहां मिली गंदगी
अधिकारियों के मुताबिक, मोमो के जिस प्लांट पर कार्रवाई की गई है, उसके परिसर में स्वच्छता का खयाल नहीं रखा गया था और कच्चे माल को सही से स्टोर भी नहीं किया गया था। इसके अलावा प्लांट के पास मोमो बनाने के लिए कोई लीगल लाइसेंस भी नहीं था। ऐसे में इस प्लांट को अगले आदेश तक बंद करवा दिया गया है। मामले की गहराई से जांच की जा रही है। (

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